गुना-गुना पुलिस अधीक्षक श्रीमती हितिका वासल के दिशा निर्देशन में गुना पुलिस द्वारा जिले में विभिन्न नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त कारोबारियों, माफियाओं, तस्करों आदि के विरूद्ध ताबड़तोड़ कार्यवाहियां कर उन्हें धरासायी किया जा रहा है । इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी गुना श्री विवेक अष्ठाना के पर्यवेक्षण में म्याना थाना प्रभारी निरीक्षक बृजमोहन सिंह भदौरिया तथा ऊमरी चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक बुन्देल सिंह सुनेरिया और उनकी टीम द्वारा कॉम्बिंग गस्त के दौरान बड़ी सफलता हासिल करते हुए थानांतर्गत अवैध मदाक पदार्थ गांजे की खेती का भंडाफोड़ किया है ।
उल्लेखनीय है कि गत दिनांक 04 जुलाई 2026 को जिले के म्याना थाना पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि पाटई गांव में दशरथ पाल द्वारा अपने घर के पीछे खेत में गांजे के पौधे उगा रखे हैं । थाना क्षेत्र में गांजा उगाये जाने की इस सूचना के मिलते ही तत्काल म्याना थाने से पुलिस की एक टीम ग्राम पाटई पहुंची और जहां मुखबिर के बताए अनुसार दशरथ पाल के घर के पीछे खेत में जाकर देखा तो वहां एक व्यक्ति ट्रेक्टर से जुताई करते मिला, उसने पूछताछ पर अपना नाम दशरथ सिंह पुत्र तोरन सिंह पाल उम्र 45 साल निवासी ग्राम पाटई थाना म्याना का बताया । पुलिस द्वारा मौके पर जांच करने पर खेत में गांजे के चार पौधे लहलाते हुए पाए गए, जिन्हें उखाड कर बजन करने पर उनमें 10.450 किलोग्राम कुल बजन पाया गया, जिसकी अनुमानित कीमत करीबन 1.50 लाख रुपये आंकी गई है । मौके से बरामद गांजे के पौधों को पुलिस ने विधिवत जप्त कर आरोपी दशरथ सिंह पाल को गिरफ्तार किया और उसके विरुद्ध म्याना थाने में अप.क्र. 170/26 धारा 8/20(ए) एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया है । अवैध मादक पदार्थ गांजे के विरूद्ध म्याना थाना पुलिस की इस कार्यवाही में थाना प्रभारी निरीक्षक बृजमोहन सिंह भदौरिया, ऊमरी चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक बुन्देल सिंह सुनेरिया, प्रधान आरक्षक अशोक गुर्जर, प्रधान आरक्षक सुजीत सिंह सिकरवार, प्रधान आरक्षक अतुल शर्मा, आरक्षक सुनील यादव एवं आरक्षक रंजीत रमन की विशेष भूमिका रही है ।